सावधान: अगर दी किसी को गाली तो मिल सकती है मौत की सजा, जानें क्यों उठाया सरकार ने ऐसा कदम 

उत्तर कोरिया के राष्ट्रप्रमुख किम जोंग का नाम तो आपने सुना ही होगा। अपने अजीबोगरीब फैसले के लिए सुर्खियों के बाजार में छाए रहने वाले किम जोंग एक बार फिर से अपनी उलजुलूल हरकतों की वजह से सुर्खियों में आ गए हैं। एक बार फिर से उन्होंने कुछ ऐसा फैसला ले लिया है, जिसे लेकर लोग खौफ के साए में आ चुके हैं।

सावधान: अगर दी किसी को गाली तो मिल सकती है मौत की सजा, जानें क्यों उठाया सरकार ने ऐसा कदम 
Death Sentence

उत्तर कोरिया के राष्ट्रप्रमुख किम जोंग का नाम तो आपने सुना ही होगा। अपने अजीबोगरीब फैसले के लिए सुर्खियों के बाजार में छाए रहने वाले किम जोंग एक बार फिर से अपनी उलजुलूल हरकतों की वजह से सुर्खियों में आ गए हैं। एक बार फिर से उन्होंने कुछ ऐसा फैसला ले लिया है, जिसे लेकर लोग खौफ के साए में आ चुके हैं। उन्होंने यह फैसला दक्षिण कोरिया, अमेरिका और जापान के संदर्भ में लिया है। बता दें कि अभी हाल ही में उन्होंने एक कानून पारित किया था, जिसमें यह प्रावधान किया गया था कि अगर उत्तर कोरिया  में कोई व्यक्ति दक्षिण कोरिया, अमेरिका या जापान का गुणगाण करते दिखा तो उसके खिलाफ उक्त कानून के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी। 

इतना ही नहीं, इस कानून में यह भी प्रावधान किया गया है कि अगर कोई व्यक्ति इन देशों के भाषा के इतर यहां के मीडिया को देखते हुए भी पाया गया तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी, ताकि वह शख्स निकट भविष्य में ऐसी त्रूटियों की पुनरावृत्ति करने की जहमत फिर कभी न कर सकें। उत्तर कोरिया के राष्ट्र प्रमुख ने अपने बयान में यह साफ कह दिया है कि उनकी भाषा विश्व की सबसे सर्वोत्तम, उत्तकृष्ट भाषा है। लिहाजा, लोगों को अपनी इस भाषा को बढ़ाना देने की आवश्यकता है। यही नहीं, इस  कानून  में यह भी  प्रावधान किया गया है कि अगर कोई व्यक्ति किसी को गाली देते हुए पकड़ा गया तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। अब ऐसे  में इस कानून को लेकर लोगों की क्या कुछ प्रतिक्रिया रहती है। यह तो फिलहाल आने वाला वक्त ही  बताएगा, लेकिन उससे पहले  हम आपको यह बताते चले कि अगर किसी ने इस कानून का उल्लंघन किया तो उसके खिलाफ क्या कुछ कार्रवाई की जाएगी।  

उठाए गए कड़े कदम  

इसके साथ ही उक्त कानून में यह भी प्रावधान किया गया है कि अगर कोई  शख्स निर्धारित किए गए नियमों मे से एक भी नियमों का उल्लंघन करते हुए पाया गया तो उसे १५ साल की कैद की सजा या मौत की सजा सुनाई जा सकती है। विदित हो कि उत्तर कोरिया के राष्ट्रप्रमुख जब भी कोई ऐसा फैसला लेते हैं, तो वहां के नागरिकों को इसे मानने के लिए बाध्य होना पड़ता है। खैर, अब इस कानून को लेकर सरकार की क्या कुछ प्रतिक्रिया सामने आती है। यह तो फिलहाल आने वाला वक्त ही बताएगा। तब तक के लिए आप देश-दुनिया की हर बड़ी खबर से रूबरू होने के लिए पढ़ते रहिए...शाइनिंग इंडिया.कॉम