खेत में काम करते समय हुआ कुछ ऐसा, गरीब किसान की बदल गई किस्मत, हो गया मालामाल, जानें पूरा माजरा 

यूं तो हमेशा से ही हमारे देश में किसानों की बदहाली सुर्खियों में रही है। आलम यह है कि सरकार की लाख कोशिशों के बावजूद भी कभी कोई खेतीबाड़ी से तौबा कर रहा है, तो कोई अपनी बदहाली से तंग आकर आत्महत्या जैसा खौफनाक कदम उठा रहा है, लेकिन आज हम आपको जिस खबर से रूबरू कराने जा रहे हैं

खेत में काम करते समय हुआ कुछ ऐसा, गरीब किसान की बदल गई किस्मत, हो गया मालामाल, जानें पूरा माजरा 
Indian Farmer

यूं तो हमेशा से ही हमारे देश में किसानों की बदहाली सुर्खियों में रही है। आलम यह है कि सरकार की लाख कोशिशों के बावजूद भी कभी कोई खेतीबाड़ी से तौबा कर रहा है, तो कोई अपनी बदहाली से तंग आकर आत्महत्या जैसा खौफनाक कदम उठा रहा है, लेकिन आज हम आपको जिस खबर से रूबरू कराने जा रहे हैं, वो किसान की बहहाली की खबर नहीं है, बल्कि यह खबर किसान के खुशहाली, तरक्की व बेहतरी की है। इस खबर के सुनकर जहां एक तरफ लोगों के होश फाख्ता हो रहे हैं, तो वहीं लोग खुशी से फूले नहीं समा रहे हैं। आइए, तफसील से बताते हैं कि आपको पूरा माजरा। 

ऐसा है पूरा माजरा 

आंध्र प्रदेश के खेतों में बहमूल्य हीरे के मिलने का सिलसिला शुरू हो चुका है। कभी किसी किसान को हीरा मिल जा रहा है, तो कभी किसी को। वहीं, प्रदेश के रायसीलम जिले के बाद अब कुरनूल में हीरे मिलने का मामला सामने आया है, जहां एक किसान खेत काम करने के दौरान करोड़ों का हीरा मिला है। वहीं, इस  हीरे को पाकर तपती धूप में झुलस रहे किसान की माथे पर मुस्कुराहट ने अपना ठीकाना बना लिया है। वो किसान खुशी से झूम उठा।

कैसा है ये हीरा 

यहां हम आपको बताते चले कि इस हीरे की कीमत डेढ़ करोड़ रूपए की बताई जा रही है। ३० कैरेट का यह हीरा अभी खासा सुर्खियों में है। वहीं, इस हीरे से ज्यादा अभी वह किसान खासा सुर्खियों में है, जिसे यह हीरा मिला है। स्थानीय किसानों का कहना है कि यहां जून व नंवबर के माह में किसानों कों हीरे मिलते रहते हैं। स्थानीय लोगों का यह भी कहना है कि इस इलाके में कीमती धातु व अन्य पदार्थों के मिलने का सिलसिला रहता है, जिससे हमेशा से ही बदहाली में रहने वाले किसान भाइयों की किस्मत चमक जाया करती है। 

 कैसी है किसानों की स्थिति  

विदित हो कि आजादी के सात दशकों के बाद भी किसानों की बदहाली जस की  तस बनी हुई है। सरकार के लाख प्रयासों के बावजूद भी किसानों की स्थिति में किसी प्रकार का सुधार नहीं देखा जा रहा है। हालांकि, सरकार अभी तक अपने द्वारा किए गए प्रयासों के सकारात्मक नतीजे गिनाने में मसरूफ रहती है।लेकिन, स्थिति अभी-भी जस की तस बनी हुई है। आज भी किसान गुरबत व बदहाली  में जीने को बाध्य हो चुके हैं। ऐसे में अब सरकार आगे चलकर क्या कुछ फैसला लेती है। यह तो फिलहाल आने वाला वक्त ही बताएगा। तब तक के लिए आप देश-दुनिया की हर बड़ी खबर से रूबरू होने के लिए पढ़ते रहिए...शाइनिंग इंडिया.कॉम