कोरोना वायरस का वो सच...जिससे अब तक हैं आप अनजान, जान लिया तो हो जाएंगे हैरान 

कोरोना की दूसरी लहर ने गर्भवती महिलाओं को जबरदस्त तरीके से अपनी चपेट में लिया है। भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) ने एक शोध करते हुए कहा कि दूसरी लहर के दौरान गर्भवती महिलाओं में कोरोना की मृत्यु दर 5.7 फीसदी दर्ज की गई है, जो कि पहली लहर के दौरान मात्र 0.7 फीसदी थी।

कोरोना वायरस का वो सच...जिससे अब तक हैं आप अनजान, जान लिया तो हो जाएंगे हैरान 
Covid-19

कोरोना की दूसरी लहर ने गर्भवती महिलाओं को जबरदस्त तरीके से अपनी चपेट में लिया है। भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) ने एक शोध करते हुए कहा कि दूसरी लहर के दौरान गर्भवती महिलाओं में कोरोना की मृत्यु दर 5.7 फीसदी दर्ज की गई है, जो कि पहली लहर के दौरान मात्र 0.7 फीसदी थी। इस हिसाब से कोरोना की दूसरी लहर में लगभग दोगुना महिलाओं को चपेट में ले लिया। इसी बीच ICMR ने बुधवार को आधिकारिक रुप से महिलाओं के लिए रजिस्ट्री शुरु करने की घोषणा की है।

आईसीएमआर के अनुसार 1 अप्रैल 2020 से 31 जनवरी 2021 तक पहली और एक फरवरी से 14 मई 2021 तक दूसरी लहर के दौरान गर्भवती महिलाओं के संक्रमित होने का अध्धयन किया, जिसमें पता चला कि पहली लहर के दौरान 1143 में से 162 यानि (14.2 फीसदी) महिलाएं कोरोना से संक्रमित हो चुकी है, जबकि दूसरी लहर में 387 में से 111 कोरोना संक्रमित पाई गई हैं। 

कोरोना की दूसरी लहर के दौरान गर्भवती महिलाओं मे कोरोना मृत्यु दर 5.7 प्रतिशत दर्ज की गई है, जो कि पहली लहर के दौरान केवल 0.7 प्रतिशत थी, क्योंकि महिलाओं और बच्चों के संक्रमित होने को लेकर दस्तावेजों की काफी कमी है,  इसलिए ICMR ने राष्ट्रीय स्तर पर रजिस्ट्री कार्यक्रम शुरु किया है, जिसके आधार पर आईसीएमआर आने वाले दिनों में इसका गहन तौर पर अध्ययन व आकड़े दे सकेगा। 

जन्म देने के बाद 1,530 महिलाओं की मौत 

ICMR ने एक अध्ययन के आधार पर बताया कि जन्म देने के बाद दो फीसदी महिलाओं की मौत हो गई थी। पहली और दूसरी लहर के दौरान 1,530 में से 30 महिलाओं की सक्रमण के चलते मौत हो गई। इनमें से 28 मोतें फेफड़ों में सक्रमण का स्तर बढ़ने और श्वसन तंत्र फेल होने की वजह से मौत हुई है।