मोदी से चिढ़े योगी, दोनों के बीच चरम पर मुनमुटाव, जानें कैसे, कब और क्यों हो गया ये सब! 

हिंदू धर्म की पवित्र यात्राओं में से एक कावड़ यात्रा को लेकर कोरोना प्रोटोकॉल के चलते अभी भी सस्पेंस बना हुआ है। एक तरफ जहां उत्तराखंड सरकार कावड़ यात्रा पर रोक चाहती है तो वहीं दूसरी तरफ उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने इस यात्रा को पर रोक नहीं लगाना चाहती है।

मोदी से चिढ़े योगी, दोनों के बीच चरम पर मुनमुटाव, जानें कैसे, कब और क्यों हो गया ये सब! 
PM Modi and CM Yogi

हिंदू धर्म की पवित्र यात्राओं में से एक कावड़ यात्रा को लेकर कोरोना प्रोटोकॉल के चलते अभी भी सस्पेंस बना हुआ है। एक तरफ जहां उत्तराखंड सरकार कावड़ यात्रा पर रोक चाहती है तो वहीं दूसरी तरफ उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने इस यात्रा को पर रोक नहीं लगाना चाहती है। बताया जा रहा है कि उत्तर प्रदेश की सरकार कावड़ यात्रा पर पूर्ण रुप से रोक नहीं चाहती है। इन सब के बाद अब इसमें केंद्र सरकार ने भी एंट्री ले ली है। केंद्र सरकार ने यूपी सरकार को बताया है कि ऐसे वक्त में कावड़ यात्रा को मंजूरी देना ठीक नहीं होगा। 

जब यह मसला ज्यादा तूल पकड़ने लगा तो कई लोगों ने यूपी सरकार को कठघरे में खड़ा किया और मीडिया ने भी इस पर कई सवाल खड़े किए। अब इस मामले को लेकर यूपी सरकार ने शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट में एक हलफनामा दायर किया है, जिसमें कहा गया कि राज्य सरकार के द्वारा कावड़ यात्रा में पूर्ण रुप से रोक नहीं है। यूपी सरकार इसको सांकेतिक रुप से चलाएगी और कावड़ यात्रा के लिए गाइडलाइन भी बनाई गई है। बता दें कि इस मसले की शुक्रवार को ही कोर्ट में सुनवाई होनी है। 

केंद्र की UP सरकार को सुझाव

इस मामले पर कहीं ना कहीं यूपी व केंद्र सरकार के बीच मतभेद देखने को मिल रहा है। यूपी सरकार चाहती है कि कावड़ यात्रा पर पूर्ण रुप से रोक ना लगे, वहीं केंद्र सरकार इसको उत्तराखंड़ सरकार के साथ जोड़ कर देख रही है। ज्ञात हो कि उत्तराखंड सरकार कावड़ यात्रा पर कोरोना संक्रमण के चलते पहले ही रोक लगा चुकी हैं। 
केंद्र सरकार ने कोर्ट में दी जानकारी में कहा है कि उत्तर प्रदेश सरकार को कोरोना प्रोटोकॉल के तहत कावड़ यात्रा पर उचित निर्णय लेना चाहिए। बता दें कि केंद्र सरकार ने कावड़ यात्रा को लेकर पहले ही एडवाइजरी जारी कर दी है।